वृन्दाविपिन प्रणाम करि
Bayalis Leela — श्री ध्रुवदास
Verse 99 of 268
वृंदावन के वास कौ, जिनके नाहीं हुलास।
माता मित्र सुतादि तिय, तजि ध्रुव तिनकौ पास॥
- श्री ध्रुवदास, बयालीस लीला, वृन्दावन शत लीला (51)
वृन्दावन में कौन रहता है जिसका पता अज्ञात है? माता मित्र सुतदि तिय, तजि ध्रुव तिनकौ पस.. - श्री ध्रुवदास, बयालिस लीला, वृन्दावन शत लीला (51)