भक्तानानन्दसंदोहवर्द्धिनि

Radha Stotra Samhita — सनत्कुमार संहिता

Verse 2 of 2

राधे राधे च कृष्णेशे कृष्णप्राणे मनोहरे। भक्तधामप्रदे देवि राधिके त्वं प्रसीद मे॥ - सनत्कुमार संहिता, श्रीराधास्तोत्रं (1) राधे-राधे च कृष्णाशे कृष्णप्रणे मनोहरे। भक्त धाम प्रदे देवी राधिका प्रसिद्ध.. - सनत्कुमार स्नहिता, श्री राधा स्तोत्रम् (1)
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