राधा नाम को आधार

Abhilash Madhuri — श्री ललित किशोरी देव

Verse 108 of 115

वृन्दावन चल जाइए, छाँड़ि सकल जग व्याधि। राधे राधे गाइए, श्री राधे पल आधि॥ - श्री ललित किशोरी, अभिलाष माधुरी, विनय (251) चंडी चलो वृन्दावन चलें, सब दुखी संसार। राधे-राधे गए, श्री राधे पाल अधि.. - श्री ललित किशोरी, अभिलाष माधुरी, विनय (251)
सोय सोय सबकाम विगाराराधा नाम को आधार