मैं श्री वृन्दावन के पवित्र सेवा उद्यान में श्याम तमाल वृक्ष कब बनूँगा
Abhilash Madhuri — श्री ललित किशोरी देव
Verse 17 of 115
मैं श्री वृन्दावन के पवित्र सेवा उद्यान में श्याम तमाल वृक्ष कब बनूँगा, ताकि दिव्य युगल श्री श्यामा-श्याम अपनी प्रेममयी लीलाओं के दौरान मेरी कोमल लताओं को पकड़कर विश्राम कर सकें?