कीच लगी ब्रज खिरक की
Braj Ke Dohe — ब्रज के दोहे
Verse 52 of 229
द्वन्दन कौ शिरमौर ज्यों, श्री गायत्री छंद।
सब देवन पग शिरोमणि, राधा पद अरविंद॥
- ब्रज के दोहे
द्वन्दन कौ शिरामौर ज्यों, श्री गायत्री छन्द। सब देवन पग शिरोमणि, राधा पग अरविन्द.. -ब्रज के दोहे