किती न गोकुल कुल-बधू

Bihari Satsai — श्री बिहारी लाल

Verse 10 of 20

मोर-चन्द्रिका स्याम-सिर, चढ़ि कत करति गुमानु। लखिबी पायन पे लुठति, सुनियतु राधा-मानु॥ - श्रीमहाकवी बिहारी लाल, बिहारी सतसई (20) मोरा-चन्द्रिका, श्यामा-साहब, चढ़ो काटो गुमानु। लिखिबी पायन पे लुथाति, सुनियातु राधा-मनु.. - श्री महाकवि बिहारी लाल, बिहारी सतसई (20)
किती न गोकुल कुल-बधूकिती न गोकुल कुल-बधू