केकी जो बनावै तौ बनैयौ बनराज जू कौं
Braj Binod — श्री लाल बलबीर
Verse 14 of 77
दियौ किसोरी लाड़िली, श्रीबनराज निवास।
ऐसे ही अपनाइये, जान आपनौं दास॥
- श्री लाल बलबीर, ब्रज बिनोद, नख सिख दर्शन (7)
दियो किसोरी लाडिली, श्रीबनराज निवास। ऐसी अपनी, जन अपनौं दास.. - श्री लाल बलबीर, ब्रज बिनोद, नख सिख दर्शन (7)