राधिके काहे करो हठ री

Radha Sudha Shataka — श्री हठी जी

Verse 4 of 51

अज सिव सिद्ध सुरेश मुख, जपत रहत निसि जाम। बाधा जन की हरत है, राधा राधा नाम॥ - श्री हठी जी, राधा सुधा शतक (3) आज शिव सिद्ध सुरेश मुख का जाप करते रहते हैं। हर व्यक्ति के मन में एक बाधा है, राधा राधा नाम.. - श्री हाथी जी, राधा सुधा शतक (3)
राधिके काहे करो हठ रीराधिके काहे करो हठ री