नामी नाम न भावई

Siddhant Ki Sakhi — श्री ललित किशोरी देव

Verse 8 of 102

भजन करै हरिदास को पावै नित्य बिहार। कुंजबिहारिनि लाडिली करि राखे उर हार॥ - श्री ललित किशोरी देव, श्री ललित किशोरी देव जी की बानी, सिद्धान्त की साखी (27) नीति बिहार में मिलेगा हरिदास का भजन. कुंजबिहारिणी लाड़िली कारी राखे उर हार.. - श्री ललित किशोरी देव, श्री ललित किशोरी देव जी की बानी, सिद्धांत की सखी (27)
बैकुंठ महा बैकुंठ तै, गोलोक परै है धाम।नामी नाम न भावई