खरौ-खरौ सब लेत हैं परखि पारखू सार
Vyas Vani — श्री हरिराम व्यास
Verse 53 of 139
हौं बलिहारी भक्तकी, कर्यौ बहुत उपकार।
हरि सो धन हिरदै धर्यौ, छुटा दियौ संसार॥
- श्री हरिराम व्यास, व्यास वाणी, साखी (64)
मैं एक समर्पित भक्त हूँ, मुझ पर बहुत उपकार करो। हरि सो धन हिरदै धरयौ, जग जाने दो.. - श्री हरिराम व्यास, व्यास वाणी, साखी (64)