माई मीठे हरि जू के बोलना

परमानंददास

Pada 10

माई मीठे हरि जू के बोलना । पांय पैंजनी रुनझुन बाजे, आंगन आंगन डोलना ॥ काजर तिलक कंठ कचुलामल, पीतांबर को चोलना । ‘परमानंद दास’ की जीवनी, गोपि झुलावत झोलना ॥
आज दधि मीठो मदन गोपालमंगल माधो नाम उचार