कीच लगी ब्रज खिरक की

Nikunj Ras Vallari — हित गोपाल दास

Verse 74 of 108

कबहु सेवा कुंज में, बनू मैं श्याम तमाल। ललिता कर गहे बिहरि है, ललित लड़ेती लाल॥ - ब्रज के दोहे कभु सेवा कुंज में, बनु मैं श्याम तमाल। ललिता कर गहे बिहारी है, ललित लड़ैती लाल.. - braj ke dohe
जुगल किसोर किसोरी जोरी, गोरी श्याम तमाल।नेक आगे आ श्याम तोपे रंग डारौं