सेवाकुंज सो कुँज निज, सम्पति दम्पति सेव।

Nikunj Ras Vallari — हित गोपाल दास

Verse 88 of 108

सेवाकुंज सो कुँज निज, सम्पति दम्पति सेव। सुख तत्सुख उज्ज्वल सरस, अच्युत गोत्र अभेव॥ - श्री चरणदास सेवा कुंज एक पार्क है, संपत्ति युगल की अपनी है। सुख, तत्सुख, उज्ज्वल सरस, अच्युत गोत्र अभेव.. - श्री चरणदास
कीवे कहा पढ़वे को कहा फलप्रिया पिय छबि लखि छकनि छकाई